Waqf Bill protest: बुधवार को पटना के गर्दनीबाग में वक्फ संशोधन बिल के खिलाफ मुस्लिम संगठनों का विरोध प्रदर्शन जारी है, जिसमें आरजेडी समेत कई राजनीतिक दलों का समर्थन मिल रहा है।
इस प्रदर्शन में आरजेडी सुप्रीमो लालू यादव और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भी शामिल हुए और केंद्र सरकार पर तीखे हमले किए।
लालू यादव ने इस बिल को अन्यायपूर्ण बताते हुए कहा कि सरकार को इसे वापस लेना चाहिए।
उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भी निशाना साधा, यह कहते हुए कि जनता इस बिल का समर्थन नहीं करेगी।

तेजस्वी ने कहा नागपुरिया कानून को लागू नहीं होने देंगे
तेजस्वी यादव ने सभा में कहा कि वे नागपुरिया कानून को लागू नहीं होने देंगे और इसे देश को बांटने की साजिश करार दिया।
उन्होंने विधानसभा में इस बिल के खिलाफ आरजेडी द्वारा विरोध दर्ज कराने की बात भी कही।

इस प्रदर्शन को आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद और विकासशील इंसान पार्टी (VIP) का भी समर्थन मिला है।
चंद्रशेखर आजाद ने इसे कमजोर वर्गों के अधिकारों पर हमला बताया, जबकि VIP ने इसे संविधान के खिलाफ बताया।
आरजेडी MLC सुनील सिंह ने सीएम नीतीश कुमार की राजनीति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उनकी रणनीति सभी को समझ में आ रही है।
इस प्रकार, वक्फ संशोधन बिल के खिलाफ यह विरोध प्रदर्शन राजनीतिक एकजुटता का प्रतीक बन गया है, जिसमें विभिन्न दल और संगठन एक साथ आकर अपनी आवाज उठा रहे हैं।
सीएम नीतीश और जदयू से की अपील
बिहार में वक्फ बिल के खिलाफ चल रहे प्रदर्शनों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उनकी पार्टी जदयू से संसद में इस बिल का विरोध करने की अपील की है।
इस मुद्दे पर राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है, और आगे और विरोध की संभावना जताई जा रही है। प्रदर्शन का उद्देश्य
प्रदर्शनकारियों ने नीतीश कुमार और जदयू से मांग की है कि वे वक्फ संशोधन बिल का विरोध करें।
यह बिल मुस्लिम समुदाय के लिए संवेदनशील मुद्दा है, जिसके खिलाफ विभिन्न मुस्लिम संगठनों ने एकजुट होकर आवाज उठाई है।
राजनीतिक प्रभाव
पटना के गर्दनीबाग में हो रहे इस प्रदर्शन ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में हलचल पैदा कर दी है।
आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर और तेज विरोध की संभावना जताई जा रही है, जिससे राजनीतिक माहौल और भी गरमाने की उम्मीद है।
समर्थन और प्रतिक्रिया
प्रदर्शन में शामिल विभिन्न संगठनों ने नीतीश कुमार की इफ्तार पार्टी का बायकॉट करने का निर्णय लिया है।
इस प्रकार के विरोध प्रदर्शन से जदयू की स्थिति पर असर पड़ सकता है, खासकर आगामी चुनावों के संदर्भ में।
मुझे खुशी है कि मेरे अंदर लालू जी का खून है – तेजस्वी
इस मौके पर तेजस्वी यादव ने कहा कि हम उनके साथ खड़े हैं। संगठनों के नेतृत्वकर्ताओं से लगातार हमारी बात होती रही है।
आगे भी साथ मिलकर गैरसंवैधानिक बिल है, जो लोकतंत्र के खिलाफ है, जो भाईचारे के खिलाफ है, इससे निपटने का काम करेंगे। मुझे खुशी और गर्व है कि लालू जी का खून मेरे अंदर है।

तेजस्वी ने कहा कि आज लालू जी बीमार अवस्था में हैं। किडनी-हार्ट का ऑपरेशन हुआ, फिर भी कितनी भी सीबीआई-ईडी आई हों लालू जी ने लेकिन सांप्रदायिक शक्तियों के सामने घुटने नहीं टेके। आज भी वो आपके संघर्षों में शामिल होने के लिए यहां पहुंचे हैं।
तेजस्वी यादव ने अपने बयान में यह स्पष्ट किया कि वे अपने पिता लालू प्रसाद यादव के प्रति गहरी श्रद्धा और समर्थन व्यक्त कर रहे हैं, खासकर जब लालू जी स्वास्थ्य समस्याओं का सामना कर रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि वे उन संगठनों के साथ खड़े हैं जो गैरसंवैधानिक बिलों के खिलाफ हैं, जो लोकतंत्र और भाईचारे के लिए खतरा हैं।
तेजस्वी ने यह भी उल्लेख किया कि लालू जी ने हमेशा सांप्रदायिक शक्तियों के खिलाफ संघर्ष किया है और वे आज भी अपने समर्थकों के साथ खड़े हैं, भले ही उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा हो। यह बयान उनके राजनीतिक दृष्टिकोण और परिवार की विरासत को दर्शाता है।